You are welcome for visit Mera Abhinav Ho Tum blog

Monday, November 17, 2014

छुपा है जब से

छुपा है जब से
मेरी जिंदगी में एक सितारा


दिखा के सपनों में
महकती खुशियों का नजारा


कहाँ ढूँढू उस किरण को
इस आकाश की समन्दर में


भटक गया हूँ ये किस जहाँ में
जहाँ मिलता नहीं कोई किनारा ।।